Connect with us

RSS कार्यकर्ताओं ने इस मामले में दर्ज कराया मुकदमा, सीएम धामी से भी की ये मांग…

उत्तराखंड

RSS कार्यकर्ताओं ने इस मामले में दर्ज कराया मुकदमा, सीएम धामी से भी की ये मांग…

उत्तराखंड में विधानसभा में बैकडोर भर्तियों के मामले में सोशल मीडिया पर लिस्ट वॉर के बाद एक बार फिर सोशल मीडिया पर एक लिस्ट वायरल हो रही है। वायरल लिस्ट आरएसएस से जुड़ी बताई जा रही है। मामले में शनिवार को सीएम आवास मे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के प्रतिनिधिमंडल ने सीएम पुष्कर सिंह धामी से भेंट कर ज्ञापन सौंप जांच की मांग की है तो वहीं साइबर क्राइम में मुकदमा दर्ज कराते हुए आरएसएस को बदनाम करने की बात कही है।

यह भी पढ़ें 👉  आईटीआई में बढ़ाई जाएगी छात्र संख्या, 168 नए प्रशिक्षकों की होगी तैनाती: सौरभ बहुगुणा…

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार उत्तराखंड में भर्तियों को लेकर एक लिस्ट RSS के प्रान्त प्रचारक युद्धवीर यादव के नाम की भी वायरल हो रही है। जिससे राजनीति गरमा गई है। लिस्ट को लेकर जहां कांग्रेस मुद्दा बना रही है तो वहीं RSS के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि संघ के पदाधिकारियों को बदनाम करने के लिए एक फेक लिस्ट सोशल मीडिया पर प्रसारित की जा रही हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से इसकी उच्च स्तरीय जांच करवाए जाने का अनुरोध किया।

यह भी पढ़ें 👉  प्रधानमंत्री के प्रस्तावित दौरे को लेकर देहरादून प्रशासन अलर्ट, डीएम ने तैयारियों की समीक्षा की…

वहीं दूसरी ओर दिनेश सेमवाल प्रांत कार्यवाहक आरएसएस उत्तराखंड प्रांत द्वारा इस मामले में साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन एफआईआर दर्ज कराई गई है।  जिसमें उन्होंने कहा है कि उत्तराखंड प्रांत प्रचारक युद्धवीर यादव द्वारा वर्ष 2017 से 2022 के मध्य पद का दुरुपयोग कर सरकारी नौकरी लगाने का फर्जी, कूटरचित दस्तावेज कुछ लोगो द्वारा भ्रामक सूची बनाकर फेक आईडी द्वारा सोशल मीडिया में प्रसारित किया जा रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  सीएम धामी बोले अब रफ्ता-रफ्ता नहीं, पूरी रफ्तार से आगे बढ़ रहा है भारत…

बताया जा रहा है कि RSS ने इस लिस्ट को फर्जी कूट रचित लिस्ट बताया है। एफआईआर ने कहा गया है कि लिस्ट में जो लोग बताए गए है वह न तो उक्त स्थान पर नियुक्त है न तो कार्यरत है। उपरोक्त भ्रमित खबर को फैला कर समाज में घृणा और वैमनस्य फैलाया जा रहा है। जिसके बाद पुलिस ने धारा 501/505 आईपीसी व 66 आईटी एक्ट में मुकदमा पंजीकृत कर कार्रवाई शुरू कर दी है।

Latest News -
Continue Reading

More in उत्तराखंड

उत्तराखंड

उत्तराखंड

VIDEO ADVERTISEMENT

ट्रेंडिंग खबरें

Advertisement
To Top